हरियाणा के एंटी नारकोटिक सेल की टीम ने नशा तस्करों के खिलाफ महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए एक युवक को 6 हजार अल्प्राजोलम गोलियां सहित गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही मुख्य सप्लायर को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक कमलदीप गोयल के निर्देशन में की गई।
डीएसपी रजत गुलिया ने पत्रकारों को बताया कि टीम को सूचना मिली थी कि एक युवक बाइक पर सवार होकर नशीले प्रतिबंधित कैप्सूल यमुनानगर आएगा। सूचना के आधार पर उप निरीक्षक आशीष कुमार, एएसआई राजिंदर सिंह तथा अन्य जवानों की टीम ने चुना भट्टी जगाधरी नाकेबंदी कर वाहनों की जांच शुरू की। थोड़ी देर बाद छछरौली की ओर से एक युवक बाइक पर आता दिखा। उसे देखकर युवक भागने लगा लेकिन पुलिस ने उसका पीछा कर पकड़ लिया।
पकड़े गए युवक की तलाशी लेने पर उसके कब्जे से अवैध 6 हजार अल्प्राजोलम गोलियां बरामद हुईं। इस मौके पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट ईटीओ वीरेंद्र कुमार और ड्रग कंट्रोलर डॉक्टर बिंदु शर्मा भी मौजूद थे। जांच में पुष्टि हुई कि ये गोलियां बिना किसी वैध कागजात के प्रतिबंधित हैं। युवक की पहचान आजाद नगर निवासी आशु गुप्ता पुत्र नीरज गुप्ता के रूप में हुई।
आशु गुप्ता से पूछताछ में पता चला कि वह ये दवाइयां रामपुर खादर निवासी शैलेंद्र से लेकर आया था। टीम ने शैलेंद्र को भी तुरन्त गिरफ्तार किया है। शैलेंद्र का गांव नत्थनपुर बस स्टैंड पर एक अस्पताल है, जिसकी भी जांच की जाएगी क्योंकि यह भी अवैध रूप से खोला गया था।
दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश करके रिमांड पर लिया गया है और पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। इंचार्ज अनिल कुमार ने बताया कि इस गिरफ्तारी से नशीले पदार्थों की सप्लाई चैन के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है। अभियान के दौरान यह पता लगाया जाएगा कि ये दवाइयां कहां से लाई गई थीं और कहां सप्लाई की जानी थीं।
डीएसपी रजत गुलिया ने इस कार्रवाई को जिले में नशा तस्करों के खिलाफ पुलिस की कड़ी कार्रवाई के हिस्से के तौर पर बताया। उन्होंने कहा कि ऐसी अवैध गतिविधियों को रोकने के लिए पुलिस सतर्क और सक्रिय है।





